ग्रासरूट पर कांग्रेस होगी मजबूत – के राजू
AJ डेस्क: धनबाद के सर्किट हाउस में रविवार को कांग्रेस की धनबाद लोकसभा स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में झारखंड कांग्रेस प्रभारी के. राजू, एआईसीसी सचिव सह प्रभारी भूपेंद्र मरावी, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश और धनबाद लोकसभा प्रभारी कुमार जयमंगल सिंह समेत पार्टी के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। बैठक में संगठन को बूथ और ग्रासरूट स्तर पर मजबूत करने, SIR में मतदाताओं की मदद करने, जन मुद्दों को उठाने और छात्रों के आंदोलन को समर्थन देने पर चर्चा हुई। वहीं बैठक के बाद स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने भू-धंसान प्रभावित विस्थापितों के पुनर्वास और छात्रों के इलाज को लेकर भी सरकार और प्रशासन की स्थिति स्पष्ट की।
धनबाद लोकसभा चुनाव में हार के बाद कांग्रेस ने संगठन की समीक्षा के साथ अपनी रणनीति को धार देना शुरू कर दिया है। रविवार को सर्किट हाउस में आयोजित समीक्षा बैठक में धनबाद लोकसभा क्षेत्र के प्रभारी, जिला अध्यक्ष, जिला प्रभारी और विधानसभा स्तर के पदाधिकारियों के साथ संगठन की स्थिति पर चर्चा की गई।
बैठक के बाद झारखंड कांग्रेस प्रभारी के. राजू ने कहा कि कांग्रेस का सबसे पहला लक्ष्य ग्रासरूट स्तर पर संगठन को मजबूत करना है। पार्टी के सभी कार्यकर्ताओं को जनता के बीच सक्रिय होकर काम करने का निर्देश दिया गया है।
के. राजू ने कहा कि SIR के तहत धनबाद के कई मतदाताओं को नोटिस मिल रहे हैं। ऐसे में कांग्रेस के BLA, ब्लॉक प्रभारी और जिला प्रभारी मतदाताओं को संबंधित दस्तावेज जमा कराने में मदद करेंगे, ताकि किसी भी पात्र मतदाता का वोट प्रभावित न हो।
उन्होंने कहा कि BLA, ब्लॉक प्रभारी, जिला प्रभारी, विधायक और सांसद प्रत्याशियों समेत पार्टी के सभी संबंधित लोगों को संदेश भेजा जाएगा, ताकि वे अपने-अपने क्षेत्रों में SIR की बारीकी से मॉनिटरिंग कर सकें।
जनता से जुड़े मुद्दों को चिन्हित कर उनके समाधान के लिए कांग्रेस ने कैंपेन कमेटी का गठन किया है। नॉर्थ छोटानागपुर प्रमंडल में इस कमेटी की जिम्मेदारी अंबा प्रसाद को दी गई है। पार्टी का कहना है कि कमेटी इलाके की समस्याओं को चिन्हित करेगी और उन्हें धरातल पर समाधान तक पहुंचाने के लिए काम करेगी।
धनबाद लोकसभा सीट पर कांग्रेस की हार को लेकर के. राजू ने स्वीकार किया कि कुछ मुद्दों पर जनता और विभिन्न समुदायों से पार्टी का जुड़ाव अपेक्षा के अनुरूप नहीं हो पाया। अब इन कमियों को दूर करने और लोगों के बीच संगठन को मजबूत करने पर जोर दिया जा रहा है।
छात्र आंदोलन के मुद्दे पर के. राजू ने कहा कि कांग्रेस छात्रों के साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने छात्रों के मुद्दों को देशभर में उठाया है और कांग्रेस शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए लगातार आवाज उठा रही है।
उन्होंने JPSC और JSSC CGL परीक्षा को लेकर भी सरकार की कार्रवाई का जिक्र किया। के. राजू ने कहा कि JPSC परीक्षा को रद्द करने की दिशा में सरकार तैयार है, जबकि JSSC CGL के मामले में कानूनी प्रक्रिया को लेकर कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर छात्रों की समस्याओं का जल्द समाधान करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने सीबीआई जांच की मांग को यह कहकर लगभग नकार दिया कि सीबीआई ऐसे करीब 17 मामलों की जांच कर रही है, लेकिन आज तक किसी भी मामले में सीबीआई ने किसी को भी जेल नही भेजा है।
कैंपेन कमेटी की जिम्मेदारी मिलने के बाद अंबा प्रसाद ने कहा कि पार्टी का उद्देश्य जनता को यह एहसास कराना है कि वह अकेली नहीं है। ग्रासरूट स्तर पर लोगों की समस्याओं को सुना जाएगा और उनके समाधान के लिए पार्टी आवाज बुलंद करेगी।
उन्होंने कहा कि धनबाद सहित नॉर्थ छोटानागपुर में विस्थापन एक बड़ी समस्या है और विस्थापितों की लड़ाई को मजबूती से उठाया जाएगा।
छात्रों के मुद्दे पर अंबा प्रसाद ने कहा कि वह सीधे तौर पर छात्रों के साथ हैं और उनकी मांगें जायज हैं। सरकार को छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार करना होगा और उनकी मांगों के आगे झुकना ही होगा।
बैठक के अंतिम क्षणों में स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी भी धनबाद परिसदन पहुंचे। उन्होंने हाल में भू-धंसान प्रभावित क्षेत्र का दौरा करने का जिक्र करते हुए कहा कि विस्थापितों के साथ सौतेला व्यवहार नहीं होने दिया जाएगा।
उन्होंने जिला प्रशासन और डीसी से प्रभावित लोगों की वास्तविक स्थिति का आकलन कर उचित मुआवजा और पुनर्वास सुनिश्चित करने की मांग की। इरफान अंसारी ने कहा कि यदि प्रबंधन करीब 20 किलोमीटर दूर पुनर्वास के लिए जमीन दे रहा है और विस्थापित वहां जाने को तैयार नहीं हैं, तो आसपास की खाली जमीन पर ही उन्हें बसाया जाना चाहिए।
उन्होंने बीसीसीएल प्रबंधन और सीएमडी से भू-धंसान की समस्या का तकनीकी समाधान निकालने की मांग करते हुए कहा कि नई तकनीक के माध्यम से प्रभावित इलाके का उपचार किया जाना चाहिए। उन्होंने साफ कहा कि विस्थापितों की आवाज को दबाने के लिए किसी तरह का दबाव स्वीकार नहीं किया जाएगा।
छात्र आंदोलन को लेकर स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह मुस्तैद है। यदि आंदोलन के दौरान किसी छात्र को मेडिकल इमरजेंसी होती है तो उसे रेस्क्यू कर मुफ्त इलाज उपलब्ध कराया जाएगा।
उन्होंने कहा कि उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि किसी भी छात्र के इलाज का खर्च उसके माता-पिता पर नहीं पड़ेगा और इसकी जिम्मेदारी उनकी होगी।
वहीं छात्रों पर लाठीचार्ज के सवाल पर इरफान अंसारी ने बीजेपी पर भी निशाना साधा। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि छात्रों पर कार्रवाई की बात करने से पहले यह भी पूछा जाना चाहिए कि बीजेपी ने छात्रों पर गोली चलाने का काम क्यों किया।
