महबूबा धारा 370 और 35 ए को लेकर बौखलाई, बोलीं- नतायज भयावह होंगे

AJ डेस्क: जम्मू कश्मीर में जारी हलचल के बीच राजनीतिक कयासबाजी का दौर भी जारी है। जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री और पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने राज्य के मौजूदा हालत को लेकर चिंता जाहिर करते हुए कहा है कि कश्मीर में इस समय घबराहट का माहौल है। महबूबा ने सरकार को चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि धारा 370 और 35 ए से किसी भी तरह की छेड़खानी करने का मतलब होगा कि इसके नतायज भयावह होंगे।

 

 

 

हमारे फेसबुक पेज से जुड़ने के लिए अभी अपने फेसबुक पेज के ऊपर SEARCH में जाकर TYPE करें analjyoti.com और LIKE के बटन को दबाए…

 

 

 

महबूबा ने कहा, ‘होटलों को किसी भी राजनीतिक बैठकें आयोजित करने से मना किया गया है।  इसलिए आज शाम में 6 बजे मेरे आवास पर बैठक होगी। इस समय यहां हालात बहुत खराब है।  हमने इस देश के लोगों को समझाने का प्रयास किया था कि अगर 35A या 370 से छेड़छाड़ करेंगे तो इसके परिणाम होंगे। हमने अपील भी की है, लेकिन केंद्र की तरफ से कोई आश्वासन नहीं मिला है। वो ये भी नहीं कह रहे हैं कि सबकुछ ठीक हो जाएगा। वे ये भी नहीं कह रहे हैं कि सबकुछ ठीक हो जाएगा।’

 

 

 

हमें परेशान किया जा रहा है

महबूबा ने कहा, ‘उन्होंने (सरकार) ने अलगाववादियों के साथ दो करना था वो किया। अब वे मुख्यधारा के राजनीतिक दलों के खिलाफ उसी रणनीति का उपयोग कर रहे हैं। जब उन्हें एक सर्वदलीय बैठक का संकेत मिला, तो फारूक साहब को चंडीगढ़ ले जाया गया। वे राजनीतिक दलों के खिलाफ भ्रष्टाचार का इस्तेमाल कर रहे है। हमारे कई कार्यकर्ताओं को भी परेशान किया जा रहा है।’

 

 

 

नतीजे होंगे खतरनाक

पीडीपी प्रमुख ने आगे कहा, ‘अगर आप 35 ए या 370 के खिलाफ छेड़छाड़ करने की कोशिश करेंगे तो उसके नतीजे बहुत खतरनाक होंगे और पूरा मुल्क इसकी चपेट में आएगा। हमने अपील भी की मिन्नतें भी की लेकिन सरकार की तरफ से कोई आश्वासन नहीं मिल रहा है। यहां तक कि हमारी शिकायतों को नजरदांज किया जा रहा है। इस समय कश्मीर के लोगों के लिए सबसे जरूरी है कि जो भी शांति पसंद लोगों को एकत्र होना होगा।’

 

 

 

 

पीएम मोदी पर निशाना

इतना नही महबूबा मुफ्ती ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए ट्वीट भी किया। उन्होंने कहा, ‘यात्रियों, पर्यटकों,  मजदूरों, क्रिकेटरों और छात्रों को कश्मीर से जाने को कहा गया है, कश्मीरियों को राहत देने की कोशिश नहीं की जा रही है।  कहां गई इंसानियत, कश्मीरियत और जम्हूरियत?’

 

 

 

 

इस बीच रविवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शीर्ष सुरक्षा अधिकारियों के साथ एक बैठक की। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो इस बैठक में जम्मू कश्मीर में मौजूदा स्थिति पर चर्चा की। बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोभाल, केंद्रीय गृह सचिव राजीव गाबा और अन्य वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

Article पसंद आया तो इसे अभी शेयर करें!

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »